अनिलजी बोराडे
**वाराणसी।** देवशयनी एकादशी के पावन अवसर पर, कर्मयोगी पीठ के संकल्प के तहत संचालित **'गीता चेतना अभियान'** का 33वां विश्राम रमदत्तपुर स्थित शिवम् इंग्लिश स्कूल के संस्कृति सभागार में अत्यंत उत्साह और गरिमा के साथ संपन्न हुआ।
इस आयोजन में विद्यालय के विद्यार्थियों, शिक्षकों, अभिभावकों एवं प्रबुद्ध नागरिकों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को श्रीमद्भगवद्गीता के व्यावहारिक संदेशों से जोड़कर उनमें संस्कार, अनुशासन, आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच का बीजारोपण करना था।
कार्यक्रम का शुभारंभ आचार्य सुशील चंद्र श्रीवास्तव द्वारा अतिथियों के आत्मीय स्वागत के साथ हुआ, जिसके बाद आधुनिक जीवन में गीता के सिद्धांतों की उपयोगिता पर प्रकाश डाला गया।
### "अंक कक्षा बदलते हैं, संस्कार जीवन की दिशा तय करते हैं"
मुख्य वक्ता **कर्मयोगी गौरव मिश्र** ने विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करते हुए कहा:
> *"शिक्षा का ध्येय केवल अच्छे अंक पाना या नौकरी हासिल करना नहीं, बल्कि एक संवेदनशील, जिम्मेदार और चरित्रवान इंसान बनना है। रिपोर्ट कार्ड के अंक आपको अगली कक्षा तक ले जा सकते हैं, लेकिन आपके संस्कार, सत्यनिष्ठा और व्यवहार ही आपको जीवन की वास्तविक ऊंचाइयों तक पहुंचाते हैं।"*
>
उन्होंने विद्यार्थियों से प्रतिदिन स्वाध्याय, गुरु-जनों व माता-पिता के सम्मान और गीता के नियमित पठन का आग्रह किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि गीता केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि **जीवन प्रबंधन (Life Management)** की अद्भुत मार्गदर्शिका है, जो आज की प्रतिस्पर्धी दुनिया में तनावमुक्ति, नेतृत्व क्षमता और विपरीत परिस्थितियों में सही निर्णय लेने का आत्मबल प्रदान करती है।
### संस्कारयुक्त शिक्षा ही वास्तविक विकास: राजेश मिश्र
विद्यालय के निदेशक **राजेश मिश्र** ने कहा कि शिक्षा का वास्तविक अर्थ प्रतिभा निखारने के साथ-साथ नैतिक और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूत करना है। उन्होंने गीता चेतना अभियान की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास बच्चों को किताबी ज्ञान से आगे बढ़ाकर जीवन जीने का सही दृष्टिकोण देते हैं।
### मेधावी छात्र सम्मानित, गीता प्रतियों का वितरण
कार्यक्रम के दौरान आयोजित 'गीता प्रतियोगिता' में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया गया:
* **सागर राजभर**
* **जयेश दुबे**
* **अलख यादव**
* **हर्षिता शुक्ला**
* **वैष्णवी राय**
* **विराट श्रीवास्तव**
सम्मान के साथ-साथ विद्यार्थियों के बीच श्रीमद्भगवद्गीता की प्रतियों का वितरण भी किया गया, ताकि वे इसके सिद्धांतों को अपने दैनिक जीवन में उतार सकें।
इस अवसर पर अमन चौबे, अजय गुप्ता, विनय पांडेय, रूबी श्रीवास्तव, अजय प्रजापति सहित अनेक गणमान्य नागरिक व शिक्षक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन विद्यार्थियों द्वारा एक अनुशासित, संस्कारी और आदर्श नागरिक बनने के दृढ संकल्प के साथ हुआ।



Post a Comment
0 Comments